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वन्यजीवों के हमले रोकने को पीलीभीत टाइगर रिजर्व में कराई जाए बेरिकेडिंग

वन्यजीवों के हमले रोकने को पीलीभीत टाइगर रिजर्व में कराई जाए बेरिकेडिंग

Jul 4, 2015

पीलीभीत। पीलीभीत टाइगर रिजर्व के आसपास के इलाकों में आए दिन घटित हो रही वन्यजीवों के हमलों का समाधान करने के लिए सांसद एवं केंद्रीय मंत्री मेनका संजय गांधी की ओर से पहल की गई है। सांसद ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर जंगल से सटे गांवों की बेरिकेडिंग कराने की मांग की है। ताकि जानवरों का आबादी में प्रवेश रोका जा सके। साथ ही टाइगर रिजर्व बनने के बाद कुछ गांवों में सामने आ रही ईंधन की समस्या को देखते हुए कम दरों में रसोई गैस कनेक्शन का मुददा भी शामिल किया है। पिछले सात दिन के भीतर जंगल के आसपास के इलाकों में वन्यजीवों की दस्तक से दहशत का माहौल है। घरों से लेकर मुख्य मार्गाें से गुजरने वाले भी वन्यजीवों के हमले का शिकार होकर घायल हुए है। ऐसे में स्थानीय सांसद एवं मोदी सरकार में महिला एवं बाल विकास मंत्री मेनका संजय गांधी चिंतित है।

Photo Courtesy- Ratandeep Rastogi

 

– केंद्रीय मंत्री एवं स्थानीय सांसद ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर की मांग
– टाइगर रिजर्व के नजदीक गुजर बसर करने वालों को कम दरों में गैस कनेक्शन मुहैया कराने का मुददा भी शामिल

उन्होने ग्रामीणों की सुरक्षा के मददेनजर एक पत्र सूबे के मुख्यमंत्री अखिलेष यादव को भेजा है। पत्र में बताया गया है कि टाइगर रिजर्व से जुड़े इलाकों में रहने वालों को आए दिन जंगली जानवरों से परेशानी हो रही है। लगातार वन्यजीवों के हमले में लोग घायल हो रहे है। क्षेत्र के मरौरी, माला कालोनी, घेरा गोयल कालोनी, वसंतापुर आदि तमाम स्थानों पर वन्यजीवों की दस्तक से जानमाल का खतरा बना हुआ है। मांग की गई की मुख्यमंत्री अपने स्तर से एक सर्वे कराकर जंगल में बेरिकेडिंग कराने की व्यवस्था की जाए, ताकि आम आदमी की परेशानी दूर हो सके। इसके अलावा पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार धर्मेंद्र प्रधान को भी एक पत्र भेजा। जिसमें ग्रामीणों को कम दरों पर गैस कनेक्शन उपलब्ध कराने को कहा है। बता दें कि पीलीभीत का जंगल टाइगर रिजर्व घोषित होने के बाद कई परिवारों को ईंधन प्राप्त नहीं हो पा रहा है। ये ऐसे परिवार हैं, जिनकी रसोई पूरी तरह से जंगल की लकड़ी पर निर्भर है।

 

 

-मुख्य संवाददाता वैभव शुक्ला की रिपोर्ट

 

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