Roar for Tigers

पीलीभीत टाइगर रिजर्व में शुरू होगा ई सर्विलांस

पीलीभीत टाइगर रिजर्व में शुरू होगा ई सर्विलांस

Mar 30, 2015

बाघों के संरक्षण के लिए अब परम्परागत तरीके गुजरे जमाने की बात होने जा रहे हैं। जल्द ही नए जमाने में नए तरीके से बाघों की निगरानी की जाएगी। इसके लिए ई सर्विलांस व्यवस्था शुरू करने पर विचार किया जा रहा है। इसका प्रस्ताव एनटीसीए को भेजा जाएगा। साथ ही इसका सर्वे भी किया जाएगा। अगर ऐसा होता है तो बाघों की निगरानी के साथ साथ शिकारियों पर भी 24 घंटे नजर रखी जा सकेगी।

क्या है ई-सर्विलांस
वन विभाग की ओर से जंगल में सर्विलांस कैमरे लगाए जाएंगे जो सीधे सैटेलाइट इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से जुड़े होंगे। इसकी मदद से पीलीभीत टाइगर रिजर्व की सीमाओं की निगरानी की जाएगी। खास बात यह है कि दिन में सामान्य और रात में थर्मल कैमरे काम करेंगे। इससे 365 दिन और 24 घंटे जंगल पर कड़ी नजर रखी जा सकेगी।


पहले थी ड्रोन कैमरे की तैयारी
पीलीभीत टाइगर रिजर्व में पहले ड्रोन कैमरों से बाघों की निगरानी की योजना बनाई जा रही थी,  लेकिन बाद में इस पर विचार त्याग दिया गया। विशेषज्ञ बताते हैं कि यहां जंगलों में साल के बहुत बड़े और घने पेड़ अधिकता में हैं। साथ ही बाघ भी खुले में बहुत कम ही निकलता है। ऐसे में ड्रोन कैमरों से बाघों की निगरानी करना बड़ा मुश्किल काम था,  इसलिए इस पर विचार फिलहाल नहीं किया जा रहा है। अब ई सर्विलांस का प्रस्ताव बनाने पर विचार हो रहा है। यह जल्द ही एनटीसीए को भेज दिया जाएगा।

कई राज्यों में है ऐसी व्यवस्था
अभी तक ई सर्विलांस व्यवस्था कई राज्यों में चल रही है। मसलन उत्तराखंड के जिम कार्बेट पार्क भी है। वहीं मध्य प्रदेश के जंगलों में भी यह लागू है और वहां इसे काफी सफलता भी मिली है।

 

 

As posted in Livehindustan.com

468 ad

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *